उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल ज़िले की बीरोंखाल विधानसभा के चंदोली सावली गाँव से निकलकर सोहन सिंह रावत ने यह साबित कर दिया कि सपनों की कोई सीमा नहीं होती। पहाड़ की सादगी और संस्कारों के बीच जन्मे सोहन सिंह की परवरिश दिल्ली में हुई, जहाँ उन्होंने मेहनत, अनुशासन और प्रोफेशनल सोच को करीब से सीखा। बचपन में उनका सपना क्रिकेटर बनने का था, जबकि परिवार चाहता था कि वे आर्मी में जाएँ। दोनों ही रास्तों पर उन्होंने पूरी लगन से प्रयास किया, लेकिन जब मंज़िल उस दिशा में नहीं मिली तो उन्होंने हार नहीं मानी, बल्कि अपने जीवन को नई दिशा देने का साहस दिखाया।
“Commis से Executive Chef तक: बीरोंखाल के बेटे की बड़ी सफलता”

यहीं से शुरू हुआ उनका 16 साल का सफर होटल मैनेजमेंट की दुनिया में। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत बिल्कुल नीचे से, Commis लेवल से की। गर्म किचन, लंबी शिफ्ट और कड़ी मेहनत उनके रोज़मर्रा का हिस्सा बने, लेकिन सीखने की चाह और आगे बढ़ने की जिद ने उन्हें लगातार आगे बढ़ाया। JP Group, Kyriad, Lemon Tree और ITC Hotels जैसे प्रतिष्ठित होटल ग्रुप्स के साथ काम करते हुए उन्होंने अनुभव और पहचान दोनों कमाई।
“क्रिकेट और आर्मी का सपना, फिर होटल मैनेजमेंट में बड़ी पहचान”
आज सोहन सिंह रावत ITC Hotels में Executive Chef के पद पर कार्यरत हैं और अपनी टीम लीडरशिप, क्वालिटी स्टैंडर्ड और बेहतरीन क्यूज़ीन के लिए जाने जाते हैं। उन्हें उत्तराखंड गौरव अवॉर्ड और Indian Star Award जैसे सम्मानों से नवाज़ा जा चुका है। अमरपाली जैसे बड़े होटल मैनेजमेंट संस्थानों में वे स्पीकर के रूप में आमंत्रित किए जाते हैं, जहाँ वे युवाओं को प्रेरित करते हैं। उनकी कहानी यह सिखाती है कि अगर जुनून, मेहनत और धैर्य साथ हो, तो पहाड़ का बेटा भी देश की बड़ी इंडस्ट्री में अपनी मजबूत पहचान बना सकता है।





