Tehri Garhwal News: जनता दरबार में 58 शिकायतें, जिलाधिकारी समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
Tehri Garhwal News, नई टिहरी, 07 सितंबर 2026। जिला सभागार नई टिहरी में सोमवार को जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में जनता दरबार आयोजित किया गया। जनता दरबार में जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं और शिकायतें जिलाधिकारी के सामने रखीं। कार्यक्रम में कुल 58 आवेदन पत्र प्राप्त हुए, जिनमें पेयजल, विद्युत, मुआवजा, पेंशन सहित कई अन्य मामलों से जुड़ी समस्याएं शामिल रहीं।
जनता दरबार में जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि लोगों की शिकायतों का समयबद्ध तरीके से निस्तारण किया जाए। साथ ही सीएम हेल्पलाइन और जन समर्पण पोर्टल पर लंबित शिकायतों की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने कहा कि जिन शिकायतों का समाधान हो चुका है, उन्हें पोर्टल पर तत्काल अपडेट किया जाए, ताकि शिकायतों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके।
पॉजिटिव पहलू यह रहा कि जनता की समस्याओं को सीधे सुनने के साथ-साथ जिलाधिकारी ने अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। पिछले पांच वर्षों में सेवानिवृत्त कर्मचारियों से जुड़े लंबित पेंशन और जीपीएफ प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को इन मामलों का जल्द निस्तारण करने और किसी स्तर पर मामला लंबित होने पर उसकी जानकारी तत्काल उपलब्ध कराने को कहा गया।
वहीं नकारात्मक पक्ष की बात करें तो जनता दरबार में सामने आई कई शिकायतें यह बताती हैं कि स्थानीय स्तर पर कुछ मूलभूत समस्याओं का समाधान लंबे समय से नहीं हो पाया है। प्रतापनगर के पनियाला गांव में सोलर पम्पिंग पेयजल योजना की 10 सोलर प्लेटें क्षतिग्रस्त होने के कारण करीब पांच माह से लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल रहा था। इसी तरह ग्राम जाख की विमला उनियाल ने दो माह का राशन नहीं मिलने की शिकायत रखी।
नरेन्द्रनगर के ग्राम पसर में बरसात के दौरान खेतों को हुए नुकसान और सुरक्षा दीवार की मांग भी सामने आई। घियाकोटी और बिन्दालकोटी तक संपर्क मार्ग एवं सुरक्षा कार्य, सड़क निर्माण से क्षतिग्रस्त मार्ग की मरम्मत तथा अन्य स्थानीय समस्याओं पर भी संबंधित विभागों को कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा जिलाधिकारी ने सभी उपजिलाधिकारियों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के तहत स्थापित कॉम्पैक्टरों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। अब जनता की नजर इस बात पर रहेगी कि जनता दरबार में दिए गए निर्देशों के बाद इन शिकायतों का जमीनी स्तर पर कितनी तेजी से समाधान होता है।


